कटघोरा में छेरछेरा व शाकंभरी जन्मोत्सव पर पांच गांवों ने मिलकर किया सब्जी वितरण

कटघोरा( सत्यम जायसवाल ) — छत्तीसगढ़ की पारंपरिक लोकपर्व छेरछेरा और शाकंभरी माता जन्मोत्सव के पावन अवसर पर कटघोरा क्षेत्र में सामाजिक एकता और सहयोग की एक सुंदर मिसाल देखने को मिली। इस अवसर पर क्षेत्र के पांच गांवों के लोगों ने मिलकर सामूहिक रूप से सब्जी वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया।

इस आयोजन में जुराली, नगई, बछेरा, कापूबहारा और कसनिया गांवों के ग्रामीणों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य समाज में आपसी भाईचारे को मजबूत करना और जरूरतमंद लोगों तक ताजी सब्जियां पहुंचाना रहा। यह कार्यक्रम मरार समाज की परंपरा से जुड़ा हुआ है, जिसमें छेरछेरा के दिन सब्जी दान करने की विशेष मान्यता है।
ग्रामीणों ने बताया कि यह सब्जी वितरण हर साल केवल इसी दिन किया जाता है। पूरे साल में एक दिन सभी गांव एकजुट होकर सब्जियों की व्यवस्था करते हैं और फिर उन्हें श्रद्धा और उत्साह के साथ लोगों में बांटा जाता है। इस दौरान किसी प्रकार का भेदभाव नहीं किया जाता और सभी वर्गों के लोगों को समान रूप से सब्जी दी जाती है।
कार्यक्रम के प्रमुख आयोजक और समाज के मुख्य सदस्य आत्मा नारायण पटेल ने बताया कि यह परंपरा वर्षों से चली आ रही है और इसका उद्देश्य केवल दान नहीं, बल्कि समाज को जोड़ना है। उन्होंने कहा कि आज के समय में जब लोग अपने-अपने कामों में व्यस्त रहते हैं, ऐसे आयोजन सामाजिक एकता को जीवित रखते हैं।
छेरछेरा और शाकंभरी जन्मोत्सव के इस संयुक्त आयोजन से पूरे क्षेत्र में उत्सव का माहौल रहा। ग्रामीणों ने इसे अपनी सांस्कृतिक विरासत बताते हुए आने वाली पीढ़ी तक इस परंपरा को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।





