ठेकेदारी एवं राजनीति के कारण हत्या किया गया
पुलिस ने सात घंटे में तीन आरोपियों को दबोच लिया

कटघोरा (शिवशंकर जायसवाल ) विकास खंड पौड़ी उपरोड़ा के अंतर्गत ग्राम कटोरी नगोई में ठेकेदारी रंजिश के कारण भाजपा नेता/ ठेकेदार अक्षय गर्ग की नृशंस हत्या का सनसनीखेज मामला की खबर सामने आया है। इस विषय में पुलिस की तत्परता से ब्लाइंड मर्डर को महज 7 घण्टो में 3 आरोपियों को धर दबोच लिया है।
जय गर्ग पिता स्वर्गीय प्रदीप गर्ग निवासी कटघोरा वार्ड क्रमांक 3, ने दिनांक 23 दिसंबर को थाना कटघोरा में रिपोर्ट दर्ज कराई कि उनके बड़े भाई अक्षय गर्ग (उम्र 50 वर्ष), जो ठेकेदारी का कार्य करते थे, अपने वाहन इनोवा (क्रमांक JH 05 DK 2244) से ग्राम कटोरी नगोई स्थित अपने कार्यस्थल पर गए हुए थे। सुबह 9:30 बजे अक्षय गर्ग कार्य स्थल के पास मजदूरों से कामकाज को लेकर चर्चा कर रहे थे, तभी एक चार पहिया वाहन से तीन अज्ञात व्यक्ति मौके पर पहुंचे और धारदार हथियार से लोहे की टंगिया व चापड़ से उन पर जानलेवा हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिए । ऐसा लगता है कि सुनियोजित तरीके से अक्षय गर्ग की हत्या किया गया है।
हमले में अक्षय गर्ग के सिर, हाथ और पेट में गंभीर चोटें आईं, जिससे अत्यधिक रक्तस्राव हुआ। घटना की सूचना मिलते ही 112 पहुंची। और घायल को हॉस्पिटल लाया गया।
जहां उन्हें गंभीर हालत में भर्ती कराया गया, इलाज के दौरान उनकी मृत्यु हो गई।
थाना कटघोरा में अपराध दर्ज कर मर्ग क्रमांक 162/2025 धारा 194 बीएनएसएस के तहत जांच शुरू की गई। जांच के दौरान पुलिस ने संदिग्ध वाहनों की जांच और पूछताछ के बाद तीन आरोपियों मिर्जा मुस्ताक अहमद (27 वर्ष), निवासी ग्राम मलदा, विश्वजीत ogare (21 वर्ष), निवासी सिघिया कोरबी, गुलशन दास (26 वर्ष), निवासी ग्राम मलदा तथा एक विधि से संघर्षरत बालक को हिरासत में लिया।
पूछताछ में मुख्य आरोपी मिर्जा मुस्ताक अहमद ने स्वीकार किया कि मृतक अक्षय गर्ग ठेकेदारी के कार्य में उसके काम को प्रभावित करता था और उसे कहीं भी ठेका नहीं मिलने देता था, साथ ही हाल ही में हुए क्रिकेट प्रतियोगिता में फ्लेक्स में फ़ोटो नही छापने से भी नाराज़ था जो उसे बर्दाश्त नही हुआ। इसी रंजिश में उसने अपने साथियों के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची। आरोपियों अक्षय गर्ग की लोकेशन मोबाइल फोन के माध्यम से साझा की और वारदात को अंजाम दिया।
घटना के बाद आरोपी हथियारों को हसदेव नदी की पुलिया के पास फेंककर, घटना के समय पहने कपड़ों को जला कर फरार हो गए थे। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त लोहे की टंगिया, चापड़, चार पहिया वाहन, मोबाइल फोन और जले हुए कपड़े व मोबाइल की राख बरामद कर ली है। फिलहाल पुलिस द्वारा सभी आरोपियों के विरुद्ध हत्या का मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। घटना से कटघोरा क्षेत्र में दहशत और आक्रोश का कारण बनी हुई है। इस कार्यवाही में कोरबा पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तिवारी, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नीतीश ठाकुर, कटघोरा थाना प्रभारी धर्मनारायण तिवारी, एसआई राजेन्द्र सिंह के साथ पुलिस की टीम व सायबर सेल तथा फ़ॉरेंसिक टीम का अहम योगदान रहा। बाकी आरोपियों की तलाश पुलिस तत्परता से कर रही है।




